गोंदिया: बच्चा चोरी और बिक्री मामले में डॉक्टर पर एक और FIR, दूसरे बच्चे के माता-पिता का सुराग मिला

​भंडारा/गोंदिया:

भंडारा और गोंदिया जिले को झकझोर देने वाले 'बेबी सेलिंग कांड' (बच्चा बिक्री मामला) में पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। इस मामले के मुख्य आरोपी, गोंदिया स्थित न्यू बालाजी हॉस्पिटल के संचालक डॉ. नितेश वाजपेयी के खिलाफ एक और नया मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने अब उस दूसरे बच्चे के असली माता-पिता का भी पता लगा लिया है, जिसे अवैध रूप से बेचा गया था।

​दूसरे बच्चे के तार छत्तीसगढ़ से जुड़े

​पुलिस जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि दिसंबर महीने में जिस बच्चे को बेचा गया था, उसकी जन्मदाता छत्तीसगढ़ की एक नाबालिग लड़की है। डॉ. वाजपेयी ने अपने अस्पताल में उस नाबालिग लड़की का प्रसव (डिलीवरी) कराया और उसके बाद नवजात को अवैध रूप से बेच दिया।

​इस गंभीर जानकारी को पुलिस से छिपाने और अवैध गतिविधियों में शामिल होने के कारण डॉ. वाजपेयी पर धारा 4, 6, 8 और 21 के तहत मामला दर्ज किया गया है।

​मुकेश कुमार गिरफ्तार, SIT कर रही जांच

​इस मामले में पुलिस ने डॉ. वाजपेयी के साथ-साथ मुकेश कुमार नामक व्यक्ति को भी गिरफ्तार किया है। रामनगर पुलिस स्टेशन के उप-निरीक्षक संजय नागरगोजे ने बताया कि मुकेश कुमार पर पॉक्सो (POCSO) सहित अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया गया है।

इस रैकेट की गहराई तक पहुंचने के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) बनाया गया है।

​ अनुविभागीय पुलिस अधिकारी शिवम विसापुरे इस SIT के प्रमुख हैं और जांच का नेतृत्व कर रहे हैं।

​अब तक डॉ. वाजपेयी सहित कुल 6 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है और पुलिस ने बेचे गए दो बच्चों को अपने कब्जे में ले लिया है।

​फिलहाल डॉ. नितेश वाजपेयी भंडारा पुलिस की हिरासत में हैं। पुलिस को अंदेशा है कि जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ेगी, इस काले कारोबार से जुड़े और भी कई बड़े चेहरे सामने आ सकते हैं।